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नाविका सागर परिक्रमा-II आई.एन.एस.वी. तारिणी पोर्ट स्टैनली पहुंचा - तीसरा पड़ाव सफलतापूर्वक पूरा

नाविका सागर परिक्रमा-II आई.एन.एस.वी. तारिणी पोर्ट स्टैनली पहुंचा - तीसरा पड़ाव सफलतापूर्वक पूरा
नाविका सागर परिक्रमा-II आई.एन.एस.वी. तारिणी पोर्ट स्टैनली पहुंचा - तीसरा पड़ाव सफलतापूर्वक पूरा
नाविका सागर परिक्रमा-II आई.एन.एस.वी. तारिणी पोर्ट स्टैनली पहुंचा - तीसरा पड़ाव सफलतापूर्वक पूरा
नाविका सागर परिक्रमा-II आई.एन.एस.वी. तारिणी पोर्ट स्टैनली पहुंचा - तीसरा पड़ाव सफलतापूर्वक पूरा
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नाविका सागर परिक्रमा-II आई.एन.एस.वी. तारिणी पोर्ट स्टैनली पहुंचा - तीसरा पड़ाव सफलतापूर्वक पूरा
नाविका सागर परिक्रमा-II आई.एन.एस.वी. तारिणी पोर्ट स्टैनली पहुंचा - तीसरा पड़ाव सफलतापूर्वक पूरा
नाविका सागर परिक्रमा-II आई.एन.एस.वी. तारिणी पोर्ट स्टैनली पहुंचा - तीसरा पड़ाव सफलतापूर्वक पूरा

भारतीय नौसेना का नौकायान पोत (आई.एन.एस.वी.) तारिणी 18 फरवरी 2025 को भारतीय समयानुसार प्रातः 0515 बजे पोर्ट स्टैनली पहुंचा, जिससे उसने नाविका सागर परिक्रमा-II के तीसरे और सबसे चुनौतीपूर्ण चरण को सफलतापूर्वक पूरा किया। यह ऐतिहासिक अभियान भारतीय नौसेना की महिला अधिकारियों की दृढ़ता, साहस और उत्कृष्टता को प्रदर्शित करता है। इस चरण के दौरान पोत ने तीन चक्रवातों का सामना किया और महासागरीय दुर्गमता के ध्रुव ‘पॉइंट नीमो’  से गुजरा। इसके अलावा, चालक दल ने खतरनाक ‘ड्रेक पैसेज’ को पार करते हुए ‘केप हॉर्न’ को सफलतापूर्वक पूरा किया।

नाविका सागर परिक्रमा भारतीय नौसेना की लैंगिक सशक्तिकरण और समुद्री उत्कृष्टता के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है। इस अभियान में दो महिला अधिकारी चालक दल के रूप में शामिल हैं, जिनका उद्देश्य महासागरीय नौकायान को बढ़ावा देना, आत्मनिर्भरता को सशक्त बनाना और भारत की समृद्ध समुद्री विरासत को उजागर करना है। यह अभियान युवा नौसैनिक आकांक्षी महिलाओं को प्रेरित करेगा और समुद्री तथा रक्षा क्षेत्र में उनकी भागीदारी को बढ़ावा देगा।

आई.एन.एस.वी. तारिणी ने भारत के गोवा से अपनी इस महत्वाकांक्षी यात्रा की शुरुआत की, जिसके दौरान उसने भारतीय, अटलांटिक और प्रशांत महासागरों में कठिन समुद्री परिस्थितियों का सामना किया। पोर्ट स्टैनली में पोत का सुरक्षित आगमन भारत की बढ़ती समुद्री पहुंच और नौसेना कूटनीति के माध्यम से वैश्विक सद्भाव को सुदृढ़ करने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। इस दौरान, पोत का चालक दल स्थानीय समुदाय के साथ संवाद करेगा और अपनी यात्रा से जुड़े अनुभवों को साझा करेगा, जिससे भारतीय नौसेना की परंपराओं और उसके समुद्री अभियानों की बेहतर समझ को बढ़ावा मिलेगा।

पोर्ट स्टैनली में अल्पविराम के बाद, आई.एन.एस.वी. तारिणी अपनी यात्रा जारी रखते हुए केप टाउन की ओर प्रस्थान करेगा और फिर भारत लौटेगा। यह अभियान भारत की वैश्विक समुद्री सहयोग को प्रोत्साहित करने, रोमांच और दृढ़ संकल्प की भावना को सुदृढ़ करने की प्रतिबद्धता को दोहराता है।