भारतीय नौसेना के पहले प्रशिक्षण स्क्वाड्रन (1टी.एस.) के भारतीय नौसेना के जहाज तीर, शार्दूल और भारतीय तटरक्षक पोत वीर 05 अक्टूबर 2024 को अपनी लंबी दूरी की प्रशिक्षण तैनाती के तहत मस्कट, ओमान पहुँचे। बंदरगाह पर यह यात्रा समुद्री क्षेत्र में भारत और ओमान के बीच मौजूदा रक्षा संबंधों को और मजबूत करने का संकेत देती है।
05 से 09 अक्टूबर 2024 तक की यात्रा के दौरान भारतीय नौसेना रॉयल नेवी ऑफ ओमान के साथ समुद्री सुरक्षा और अंतर-संचालनीयता के विभिन्न पहलुओं पर सहयोग करेगी, जिसमें बंदरगाह पर बातचीत और संयुक्त अभ्यास शामिल होंगे। इस तैनाती का उद्देश्य प्रशिक्षण आदान-प्रदान, पेशेवर बातचीत और दोनों नौसेनाओं के बीच मैत्रीपूर्ण खेल आयोजनों पर भी केंद्रित होगा। पिछले दस वर्षों में यह 1टी.एस. की मस्कट, ओमान की तीसरी यात्रा है। ये संवाद नौसेना सहयोग को सशक्त करने और दोनों नौसेनाओं के बीच साझेदारी को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
1टी.एस. की यात्रा के साथ-साथ, दक्षिणी नौसेना कमान के फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ, वाइस एडमिरल वी. श्रीनिवास 06 से 09 अक्टूबर 2024 तक सुल्तानत ओमान की आधिकारिक यात्रा पर रहेंगे। अपनी यात्रा के दौरान, फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ दक्षिण सुल्तान की सशस्त्र सेनाओं के प्रमुख स्टाफ (सी.ओ.एस.एस.ए.एफ.) वाइस एडमिरल अब्दुल्ला बिन खमीस बिन अब्दुल्ला अल-रईसी और रॉयल नेवी ऑफ ओमान के कमांडर (सी.आर.एन.ओ.) रियर एडमिरल सैफ बिन नासिर बिन मोहसेन अल-रहबी के साथ द्विपक्षीय चर्चा करेंगे। वे ओमान के प्रमुख रक्षा और प्रशिक्षण संस्थानों का भी दौरा करेंगे।
भारतीय नौसेना और रॉयल नेवी ऑफ ओमान विभिन्न क्षेत्रों में संचालन, प्रशिक्षण और सहयोगात्मक प्रयासों पर नियमित रूप से जुड़ते रहे हैं। हाल ही में, जून 2024 में नई दिल्ली में भारतीय नौसेना और रॉयल नेवी ऑफ ओमान के बीच कर्मचारियों की छठी बैठक आयोजित की गई थी। 1टी.एस. और कमांडिंग-इन-चीफ, दक्षिणी नौसेना कमान की यह यात्रा दोनों मित्र देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों को और सुदृढ़ करेगी।